- राजस्थान में लॉकडाउन में राहत प्रदान की गई है
- शनिवार-रविवार को वीकेंड लॉकडाउन जारी रहेगा
- हर दिन शाम 5 बजे से सुबह 5 बजे तक भी पाबंदियां लागू होंगी
Rajasthan Unlock: राजस्थान में 8 जून से अनलॉक की प्रक्रिया शुरू हो रही है। दुकानें और बाजार शाम 4 बजे तक खुल सकेंगी। हालांकि मॉल अभी नहीं खुलेंगे। 30 जून तक शादियों पर भी प्रतिबंध रहेगा। इसके अलावा सिनेगा, पार्क, खेल, लोगों के एकत्र होने पर रोक रहेगी। मंदिर भी अभी बंद रहेंगे। शुक्रवार शाम 5 बजे से सोमवार सुबह 5 बजे तक वीकेंड कर्फ्यू रहेगा। इसके अलावा प्रतिदिन शाम 5 बजे से सुबह 5 बजे तक जन अनुशासन कर्फ्यू रहेगा।
आदेश में कहा गया है कि जिला मजिस्ट्रेट/पुलिस आयुक्त ग्रीन जोन में अनुमत गतिविधियों (सुबह 6 बजे से शाम 4 बजे तक) के अलावा स्थिति के आंकलन के आधार पर येलो जोन एवं रेड जोन में अतिरिक्त प्रतिबंध लगा सकेंगे।
- सरकारी और निजी कार्यालय 50 प्रतिशत कर्मचारियों की उपस्थिति में सुबह 9:30 बजे से शाम 4 बजे तक खुल सकते हैं।
- 10 जून से रोडवेज/निजी बसों को संचालन अनुमत होगा। सीटी बस/मिनी बस सेवा प्रतिबंधित रहेगी।
- निजी वाहनों से आवागमन सोमवार से शुक्रवार सुबह 5 बजे से शाम 5 बजे तक अनुमत होगा।
- राज्य के बाहर से आने वाले यात्रियों को 72 घंटे के अंदर करवाई गई आरटी-पीसीआर नेगेटिव रिपोर्ट दिखानी होगी।
- अंतिम संस्कार में 20 से ज्यादा लोग एकत्र नहीं होंगे।
- मिठाई, बेकरी और रेस्त्रां होम डिलीवरी रात 10 बजे तक कर सकेंगे। टेक अवे सुविधा सोमवार से शुक्रवार सुबह 6 बजे से शाम 4 बजे तक अनुमत होगी।
राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत की अध्यक्षता में रविवार को राज्य मंत्रिपरिषद की बैठक में प्रदेश में कोरोना संक्रमण की स्थिति तथा त्रिस्तरीय जन अनुशासन संशोधित लॉकडाउन-2 पर चर्चा की गई। इस दौरान मंत्रिपरिषद के सदस्यों ने जीवनरक्षा के साथ-साथ आजीविका के लिए उचित संतुलन स्थापित करने के संबंध में सुझाव दिए। बैठक में बताया गया कि राज्य सरकार के कुशल प्रबंधन तथा जन अनुशासन लॉकडाउन की प्रभावी पालना के कारण राज्य में उपचाराधीन रोगियों की संख्या में तेजी से कमी लाने में मदद मिली है। संशोधित लॉकडाउन के अंतर्गत विभिन्न व्यावसायिक गतिविधियों को कुछ छूट दी गई है, लेकिन कोरोना का खतरा अभी टला नहीं है। साथ ही, चिकित्सा विशेषज्ञों की भी यह सलाह है कि लॉकडाउन के प्रतिबंधों में एक साथ छूट नहीं देकर, संक्रमण की तमाम आशंकाओं को ध्यान में रखकर निर्णय किया जाना उचित होगा।